धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, दीपावली के दिन इन जीवों का अचानक नजर आना जीवन में धन, तरक्की और सौभाग्य के आगमन का प्रतीक हो सकता है। आइए जानते हैं कि दिवाली के दिन किन 7 जीवों का दिखना शुभ माना जाता है।
प्रमुख बातें (Key Highlights):
- Auspicious Animals On Diwali: दीपावली का पर्व इस साल 8 नवंबर 2026 को मनाया जा रहा है। हिंदू धर्म में इस त्योहार का विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व है। मान्यता है कि दिवाली की रात मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की विधि-विधान से पूजा करने पर सुख-समृद्धि और खुशहाली का आशीर्वाद मिलता है। वहीं, शकुन शास्त्र में भी दीपावली के दिन दिखाई देने वाले कुछ जीवों को शुभ संकेतों से जोड़कर देखा गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इन जीवों का अचानक नजर आना जीवन में धन, तरक्की और सौभाग्य के आगमन का प्रतीक हो सकता है। आइए जानते हैं कि दिवाली के दिन किन 7 जीवों का दिखना शुभ माना जाता है। 1
- दिवाली की रात उल्लू दिखना धार्मिक मान्यताओं में उल्लू को मां लक्ष्मी का वाहन बताया गया है। इसलिए दीपावली के दिन इसका दिखाई देना बेहद शुभ माना जाता है। शकुन शास्त्र के अनुसार, उल्लू का नजर आना घर में सुख-समृद्धि आने और आर्थिक स्थिति मजबूत होने का संकेत हो सकता है। मान्यता है कि दिवाली की रात उल्लू दिखना विशेष रूप से सौभाग्यशाली होता है। इसे मां लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होने से जोड़कर भी देखा जाता है। 2
- छछूंदर का अचानक नजर आना दिवाली के दिन छछूंदर दिखाई देने को भी शुभ शकुन माना गया है। प्रचलित मान्यताओं के अनुसार, इसका दिखना आर्थिक परेशानियां दूर होने और धन से जुड़े मामलों में अनुकूलता आने का संकेत देता है। ऐसा माना जाता है कि यह जीव जीवन में तरक्की और नए अवसरों का प्रतीक हो सकता है। 3
दिवाली की रात उल्लू दिखना धार्मिक मान्यताओं में उल्लू को मां लक्ष्मी का वाहन बताया गया है। इसलिए दीपावली के दिन इसका दिखाई देना बेहद शुभ माना जाता है। शकुन शास्त्र के अनुसार, उल्लू का नजर आना घर में सुख-समृद्धि आने और आर्थिक स्थिति मजबूत होने का संकेत हो सकता है। मान्यता है कि दिवाली की रात उल्लू दिखना विशेष रूप से सौभाग्यशाली होता है। इसे मां लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होने से जोड़कर भी देखा जाता है। 2
मामले का पूरा विवरण और ताज़ा स्थिति
छछूंदर का अचानक नजर आना दिवाली के दिन छछूंदर दिखाई देने को भी शुभ शकुन माना गया है। प्रचलित मान्यताओं के अनुसार, इसका दिखना आर्थिक परेशानियां दूर होने और धन से जुड़े मामलों में अनुकूलता आने का संकेत देता है। ऐसा माना जाता है कि यह जीव जीवन में तरक्की और नए अवसरों का प्रतीक हो सकता है। 3
दीपावली पर छिपकली दिखना शकुन शास्त्र में दिवाली के अवसर पर छिपकली का दिखाई देना भी शुभ माना जाता है। खासतौर पर लक्ष्मी पूजन के दौरान यदि घर की दीवार पर छिपकली नजर आ जाए, तो इसे सकारात्मक संकेत के रूप में देखा जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, यह मां लक्ष्मी की प्रसन्नता और घर में सुख-शांति बने रहने का प्रतीक हो सकता है। ऐसी मान्यता है कि इसका दिखना आने वाले समय में अच्छे परिणाम मिलने का संकेत देता है। 4
दिवाली पर बिल्ली का घर आना दीपावली के दिन बिल्ली का दिखाई देना या अचानक घर में आ जाना भी शकुन शास्त्र में शुभ संकेत माना गया है। मान्यता है कि इससे घर में सौभाग्य और सकारात्मकता का आगमन हो सकता है। हालांकि, दिवाली के दिन बिल्ली का रोना अच्छा शकुन नहीं माना जाता। इसे लेकर अलग-अलग धार्मिक धारणाएं प्रचलित हैं। 5
मुख्य प्रभाव और आगामी कदम
गाय का दिखाई देना हिंदू धर्म में गाय को पूजनीय माना गया है। धार्मिक मान्यता है कि गाय में 33 कोटि देवी-देवताओं का वास होता है। ऐसे में दिवाली के शुभ अवसर पर गाय का दिखना देवी-देवताओं का आशीर्वाद मिलने का संकेत माना जाता है। इसे जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और सकारात्मक बदलावों से जोड़कर देखा जाता है। 6
काली चींटियों का झुंड दिखना दीपावली के दिन यदि घर में काली चींटियों का समूह दिखाई दे, तो इसे भी शुभ शकुन माना जाता है। प्रचलित मान्यताओं के अनुसार, काली चींटियों का झुंड नजर आना धन-संपत्ति में बढ़ोतरी और आर्थिक स्थिति में सुधार का संकेत हो सकता है। इसे संचित धन में वृद्धि और आर्थिक परेशानियों से राहत मिलने से जोड़कर देखा जाता है। 7
तोते का दिखाई देना दिवाली के दिन तोते का नजर आना भी शुभ माना गया है। शकुन शास्त्र की मान्यताओं के अनुसार, तोते का दिखना धन लाभ और आर्थिक उन्नति का संकेत हो सकता है। इसे आने वाले समय में खुशहाली, तरक्की और सौभाग्य से जोड़कर देखा जाता है। कुबेर जी की आरती: धनतेरस और दिवाली पर करें धन के देवता की पूजा, यहां पढ़ें संपूर्ण आरती और मंत्र डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।