मिजोरम में सरकारी कर्मचारियों को बिना अनुमति पटाखे जलाने पर छह महीने तक की जेल या एक लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है।
प्रमुख बातें (Key Highlights):
- मिजोरम में सरकारी कर्मचारियों को बिना अनुमति पटाखे जलाने पर छह महीने तक की जेल या एक लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है।
- सरकारी कर्मचारियों को पटाखा जलाने पर जेल या जुर्माना
- सरकारी कर्मचारियों को पटाखा जलाने पर जेल या जुर्माना
सरकारी कर्मचारियों को पटाखा जलाने पर जेल या जुर्माना
मामले का पूरा विवरण और ताज़ा स्थिति
सरकारी कर्मचारियों को पटाखा जलाने पर जेल या जुर्माना
बिना अनुमति पटाखे जलाने पर तीन महीने की जेल
पटाखों की बिक्री पर विस्फोटक अधिनियम के तहत कार्रवाई
मुख्य प्रभाव और आगामी कदम
डिजिटल डेस्क, आइजल। मिजोरम में पटाखे जलाने वाले सरकारी कर्मचारियों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। राज्य के गृह मंत्री के
सपडांगा ने शुक्रवार को कहा कि पटाखों से जुड़े कानून का उल्लंघन करने वाले सरकारी कर्मचारियों को छह महीने तक की जेल या एक लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है।
मंत्री के मुताबिक डिप्टी कमिश्नर की पूर्व अनुमति के बिना पटाखे जलाना प्रतिबंधित है। इस कानून के उल्लंघन पर तीन महीने तक की जेल या 50 हजार रुपये तक जुर्माना लगाया जा सकता है।
यदि उल्लंघन करने वाला व्यक्ति 12 वर्ष से कम उम्र का है, तो उसके माता-पिता या अभिभावक पर जुर्माना लगेगा। सरकारी कर्मचारियों के मामले में, नियम तोड़ने पर छह महीने तक की जेल या एक लाख रुपये तक जुर्माना हो सकता है।
आइजल प्रेस क्लब में पत्रकारों से बातचीत के दौरान मंत्री ने बताया कि ‘मिजोरम रेगुलेशन आफ फायरवर्क्स एक्ट, 2026’ का उद्देश्य पटाखों और उनसे जुड़ी सामग्री के इस्तेमाल, भंडारण तथा बिक्री को नियंत्रित करना है।