अमेरिका में मिडटर्म चुनाव राष्ट्रपति ट्रंप की लोकप्रियता का ही इम्तिहान नहीं, बल्कि संसद में उनके नियंत्रण की परीक्षा भी है. अगर इन चुनावों में ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी दोनों सदन में बहुमत गंवा देती है, तो उनके लिए फ़ैसले पास कराना थोड़ा मुश्किल हो जाएगा.
प्रमुख बातें (Key Highlights):
- अमेरिका में मिडटर्म इलेक्शन के लिए वोटिंग हो रही है
- इस चुनाव के लिए अर्ली वोटिंग भी शुरू हो चुकी है
- मोटे अनुमानों के तहत दावा किया जा रहा है चार करोड़ अमेरिकी अपना वोट डाल चुके हैं
इस चुनाव के लिए अर्ली वोटिंग भी शुरू हो चुकी है
मामले का पूरा विवरण और ताज़ा स्थिति
मोटे अनुमानों के तहत दावा किया जा रहा है चार करोड़ अमेरिकी अपना वोट डाल चुके हैं
लेकिन, चुनाव तीन नवंबर को होने हैं और चुनाव ख़त्म होते ही वोटों की गिनती का काम शुरू हो जाएगा
भारत के हिसाब से देखें तो चार नवंबर की सुबह को चुनावी नतीजे आने शुरू हो जाएंगे
मुख्य प्रभाव और आगामी कदम
ज़ाहिर है, इस चुनाव पर पूरी दुनिया के साथ भारत की भी नज़र है
दरअसल, अमेरिका के हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स यानी निचले सदन की 435 सीटों और सीनेट यानी ऊपरी सदन की 35 सीटों के लिए वोटिंग होनी है
फिलहाल ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी के पास दोनों सदन में बहुमत है
जबकि, डेमोक्रेट्स को दोनों सदन में कंट्रोल हासिल करने के लिए चार-चार सीटों का नेट फ़ायदा चाहिए
ये मिडटर्म चुनाव राष्ट्रपति ट्रंप की लोकप्रियता का ही इम्तिहान नहीं, बल्कि अमेरिकी कांग्रेस में उनके नियंत्रण की परीक्षा भी है